मन
चिंता, अत्यधिक सोचना और तनाव।
उद्धव गीता का उत्तर — परिणाम छोड़ो, कर्तव्य उठाओ।
श्रीमद्भागवत · समग्र अनुशीलन
डॉ. आभा गुप्ता द्वारा श्रीमद्भागवत का सरल, व्यावहारिक और जीवनोपयोगी अध्ययन।

भागवत आज क्यों
तीन क्षेत्र, जहाँ यह ज्ञान आज सबसे अधिक काम आता है।
चिंता, अत्यधिक सोचना और तनाव।
उद्धव गीता का उत्तर — परिणाम छोड़ो, कर्तव्य उठाओ।
प्रेम, विश्वास और परिवार।
गोपी-विरह से रुक्मिणी तक — रिश्तों का व्यावहारिक पाठ।
उद्देश्य, करियर और आध्यात्म।
‘मैं कौन हूँ?’ — यही प्रश्न भागवत का केंद्र है।
समस्या से खोजें
सात श्रेणियाँ, चालीस समस्याएँ — प्रत्येक का स्रोत भागवत के किसी स्कंध में है।
चिंता, क्रोध, अकेलापन और अत्यधिक सोचना।
आज का सुविचार
“भक्ति को उम्र, पद या अनुमति की आवश्यकता नहीं — प्रह्लाद केवल पाँच वर्ष के थे।”
वीडियो श्रृंखला
प्रत्येक भाग एक आधुनिक समस्या को भागवत के एक प्रसंग से जोड़ता है।
बारह स्कंध
प्रत्येक स्कंध किसी एक जीवन-प्रश्न का उत्तर देता है।

पुस्तक
सात दिनों की कथा में जो प्रसंग छूट जाते हैं, यह पुस्तक उन्हें क्रम से खोलती है — बारह स्कंधों का सम्पूर्ण अनुशीलन, आम पाठक की भाषा में।

लेखिका
श्रीमद्भागवत महापुराण को सरल शब्दों में लिखने का यह प्रयास एक विद्वान वक्ता का नहीं, एक आम पाठक का है — जो स्वयं समझना चाहती थी कि यह कथा वास्तव में क्या कहती है।
संपर्क
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