स्वास्थ्य और शरीर · स्कंद 3
शरीर की छवि और शर्म
अपने शरीर से नफरत करते हो? कपिल ने बताया — यह शरीर मंदिर है, दुश्मन नहीं
मूल शिक्षा
शरीर मंदिर है, ट्रॉफी नहीं — जुनून के बिना देखभाल करें
- कथा / श्लोक संदर्भ
- कपिल–देवहूति संवाद (3.25–27)
- स्कंध
- स्कंद 3 — सृष्टि — कपिल सांख्य दर्शन
इस स्कंध का सार
सृष्टि; सांख्य दर्शन; शरीर और आत्मा
कपिल ने देवहूति को सांख्य सिखाया (3.25–27)
किन समस्याओं के लिए: शरीर की छवि, माता-पिता से संबंध, परवरिश · 33 अध्याय
आगे क्या करें
यह प्रसंग पुस्तक “श्रीमद्भागवत कथा — समग्र अनुशीलन” में विस्तार से पढ़ा जा सकता है। किसी प्रश्न पर सीधे बात करना चाहें तो व्हाट्सएप करें।